Tribute to Dilip Kumar: शर्मीली मुस्कान वाला पठान, अपने गुलाबी गालों से मुस्कुराता हुआ नज़र आये न आये, उसकी जो प्यार की नज़र कभी परदे से तो कभी सायरा जी के मार्फ़त हम तक पहुंची है, वो एक ऐसे शख्स की पहचान है जो बड़ी अदा से पियानो पर अपनी उंगलियां फिरते हुए कहता रहा- आज की रात मेरे दिल की सलामी ले ले. कल तेरी बज़्म से दीवाना चला जायेगा. https://ift.tt/2wvQ0YP
RIP Dilip Kumar: बज़्म से दीवाना चला गया, शमा चली गयी, परवाना चला गया https://ift.tt/36egehE Tribute to Dilip Kumar: शर्मीली मुस्कान वाला पठान, अपने गुलाबी गालों से मुस्कुराता हुआ नज़र आये न आये, उसकी जो प्यार की नज़र कभी परदे से तो कभी सायरा जी के मार्फ़त हम तक पहुंची है, वो एक ऐसे शख्स की पहचान है जो बड़ी अदा से पियानो पर अपनी उंगलियां फिरते हुए कहता रहा- आज की रात मेरे दिल की सलामी ले ले. कल तेरी बज़्म से दीवाना चला जायेगा.
Tribute to Dilip Kumar: शर्मीली मुस्कान वाला पठान, अपने गुलाबी गालों से मुस्कुराता हुआ नज़र आये न आये, उसकी जो प्यार की नज़र कभी परदे से तो कभी सायरा जी के मार्फ़त हम तक पहुंची है, वो एक ऐसे शख्स की पहचान है जो बड़ी अदा से पियानो पर अपनी उंगलियां फिरते हुए कहता रहा- आज की रात मेरे दिल की सलामी ले ले. कल तेरी बज़्म से दीवाना चला जायेगा. https://ift.tt/2wvQ0YP
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